300 साल पुरानी सच्ची घटना पर आधारित है राजा खान की फिल्म झिटकू मिटकी, 4 साल लगे तैयारी में
Sanjha Bihaniya… बस्तर की अमर प्रेम कथा जो 300 साल पुरानी है जिन्हें आदिवासी देवता के रूप में पूजते हैं, क्या है वह प्रेम कथा और उस प्रेम कथा में क्या हुआ था?
यह सब जानने के लिए या तो आपको 300 साल पीछे जाना होगा या फिर बस्तर के इतिहास को पढ़ना होगा। इतने कठिन विषय पर फिल्म बनाना आसान नहीं है लेकिन इसे कर दिखाया है निर्देशक राजा खान ने। उन्होंने बस्तर की उस अमर प्रेम कथा को हूबहू पर्दे पर उतारने का प्रयास किया है इसके लिए उन्हें लगभग 5 साल लग गए। आज वह फिल्म बन कर तैयार है और 7 फरवरी को रिलीज की जाएगी।

निर्देशक राजा खान ने बताया की फिल्म में आधुनिक तकनीक का उपयोग न के बराबर किया गया है, सभी दृश्यों को सेट बनाकर फिल्माया गया है जिसके कारण दृश्य काफी रोचक बन पड़े हैं। पूरी फिल्म के लिए अलग-अलग स्थान पर सेट बनाने में उन्हें 4 साल का समय लगा। इसकी खास बात यह भी है की रिलीज के पूर्व ही इस फिल्म को अवार्ड भी मिल गए।
उर्वशी फिल्म वर्ल्ड के बेनर तले बनी इस फिल्म झिटकू मिटकी में लाल जी कोर्राम और लवली अहमद मुख्य भूमिका में है। लाल जी कोर्राम स्वयं झिटकू मिटकी के वंशज है इसलिए वे इस भूमिका में परफेक्ट फिट हुए हैं। फिल्म की निर्मात्री उर्वशी नेताम है और सह निर्माता जगत मरकाम व हुकुम मरकाम है। फिल्म की कहानी स्वयं राजा खान ने लिखी है और इसका निर्देशन भी उन्होंने ही किया है।

